रिपोर्ट @मुर्तुजा अंसारी अनूपपुर
पूर्व पार्षद व मंडल अध्यक्ष की माँ ममता जैन सहित कई लोगों को नोटिस, राजस्व कानूनों के उल्लंघन पर कार्रवाई तेज
कोतमा, नगर में लंबे समय से चल रही अवैध प्लॉटिंग और जमीन विक्रय के खेल पर आखिरकार प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। अनुविभागीय दंडाधिकारी (SDM) कोतमा द्वारा मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आधार पर प्रकरण पंजीबद्ध कर कई प्रभावशाली लोगों के खिलाफ नोटिस जारी किए गए हैं। इस कार्रवाई से भूमाफियाओं और नियमों को दरकिनार कर प्लॉटिंग करने वालों में हड़कंप मच गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, नगर के वार्ड क्रमांक 8 में बिना वैधानिक अनुमति के प्लॉटिंग कर जमीन बेचने का मामला सामने आया है। इसमें भारतीय जनता पार्टी के मंडल अध्यक्ष पुष्पेंद्र जैन की मां पूर्व पार्षद ममता जैन द्वारा कथित रूप से अवैध रूप से भूमि का विभाजन कर विक्रय किए जाने की शिकायत मिली थी। जांच में यह भी सामने आया कि कुछ प्लॉटों का पंजीयन कर बिक्री भी कर दी गई है, जो सीधे-सीधे राजस्व नियमों का उल्लंघन है।
इसी प्रकार वार्ड क्रमांक 10 में भी भुमेश प्रसाद पिता अगस्त मुनि, संतन पाल एवं रुकमणी देवी सोनी द्वारा अवैध प्लॉटिंग कर जमीन बेचे जाने का मामला उजागर हुआ है। तहसीलदार एवं पटवारी की संयुक्त रिपोर्ट के आधार पर SDM कार्यालय ने इन सभी के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर विधिवत नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
कानूनी उल्लंघन और कार्रवाई:
जांच में पाया गया कि संबंधित लोगों ने बिना लेआउट स्वीकृति, बिना डायवर्सन और बिना सक्षम प्राधिकरण की अनुमति के भूमि का छोटे-छोटे टुकड़ों में विभाजन कर विक्रय किया। यह कृत्य मध्यप्रदेश भू-राजस्व संहिता एवं नगर एवं ग्राम निवेश अधिनियम के प्रावधानों का स्पष्ट उल्लंघन है।
प्रशासन द्वारा संभावित कार्रवाई में—
अवैध प्लॉटिंग को निरस्त किया जाना
भूमि को मूल स्थिति में लाने के आदेश
संबंधित व्यक्तियों पर आर्थिक दंड
पंजीयन निरस्तीकरण की प्रक्रिया
आवश्यक होने पर आपराधिक प्रकरण दर्ज करना
जैसे कदम शामिल हैं।
प्रशासन का सख्त संदेश:
SDM ने स्पष्ट किया है कि “कानून से ऊपर कोई नहीं है, चाहे वह कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।” प्रशासन की इस पहल से यह संदेश गया है कि अब अवैध कॉलोनियों और प्लॉटिंग के जरिए आम जनता को गुमराह करने वालों पर कड़ी नजर रखी जाएगी।
जनता की प्रतिक्रिया:
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन की इस कार्रवाई का स्वागत करते हुए कहा कि लंबे समय से अवैध प्लॉटिंग का खेल चल रहा था, जिससे न केवल शासन को राजस्व का नुकसान हो रहा था बल्कि आम लोगों को भी ठगा जा रहा था। लोगों ने मांग की है कि दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित की जाए ताकि भविष्य में इस तरह के मामलों पर रोक लग सके।
निष्कर्ष:
कोतमा में शुरू हुई यह कार्रवाई यदि लगातार और निष्पक्ष रूप से जारी रही, तो अवैध प्लॉटिंग के नेटवर्क पर प्रभावी अंकुश लग सकता है। अब सबकी नजर प्रशासन की अगली कार्यवाही पर टिकी है कि दोषियों पर कितनी सख्ती से कानून का शिकंजा कसा जाता है।
संबंधित जनों को नोटिस जारी कर दिया गया है अग्रिम कानूनी कार्यवाही जारी है।
सतीश वर्मा
एसडीएम कोतमा जिला अनूपपुर मध्य प्रदेश



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